हीट वेव से बचाव के लिए सोनभद्र में हुई बैठक:जिला आपदा विशेषज्ञ ने बताया उपाय, बोले-लू से बचने के लिए घरों की खिड़कियों पर लगाएं रिफ्लेक्टर

सोनभद्र जनपद में लगातार पड़ रही गर्मी, गर्म हवा व लू के प्रकोप से बचाव के उपाय के लिऐ अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व महोदय सहदेव कुमार मिश्र की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार बैठक की गई। जिसमें सभी विभागों द्वारा हीट वेव से बचाव के लिए अपना पक्ष रखा गया। इस दौरान अपर जिलाधिकारी ने अपील करते हुए कहा है कि जन-सामान्य लू से बचाव को लेकर बताये उपायों को अमल में लायें और अपना बचाव करें। अपर जिलाधिकारी, वित्त एवं राजस्व सहदेव कुमार मिश्र ने बताया कि मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के अनुसार माह अप्रैल व जून के दिनों में अधिक तापमान रहने की संभावना है तथा हीट वेव चलने की संभावना है। ऐसे में ’हीटवेब (लू) से बचाव के लिए संबंधित विभाग को अपनी अपनी योजना तैयार कर पूरी तरह से तैयार रहने का निर्देश दिया गया है तथा उससे संबंधी एहतियातें बरती जायें तथा सुरक्षात्मक उपायों को अपनाया जाने की बात कही। जिला आपदा विशेषज्ञ पवन कुमार शुक्ला ने बचाव के तरीके बताते हुए कहा कि ’गर्मी के हवाओं से बचने के लिए खिड़की को रिफ्लेक्टर जैसे एलुमिनियम पन्नी, गत्ते इत्यादि से ढककर रखें, ताकि बाहर की गर्मी को अन्दर आने से रोका जा सके। उन खिड़कियों व दरवाजों पर, जिनसे दोपहर के समय गर्म हवाएं आतीं हैं, काले परदे लगाकर रखना चाहिए। स्थानीय मौसम के पूर्वानुमान को रेडियो व अन्य संसाधनों के माध्यम से सुनें और आगामी तापमान में होने वाले परिवर्तन के प्रति सजग रहें। आपात स्थिति से निपटने के लिए प्राथमिक उपचार का प्रशिक्षण लें। बच्चों तथा पालतू जानवरों को कभी भी बन्द वाहन में अकेला न छोड़ें। जहां तक सम्भव हो घर में ही रहें तथा सूर्य के ताप से बचें। सूर्य के ताप से बचने के लिए जहां तक संभव हो घर की निचली मंजिल पर रहें। संतुलित, हल्का व नियमित भोजन करें। मादक पेय पदार्थों का सेवन न करें। घर से बाहर अपने शरीर व सिर को कपड़े या टोपी से ढककर रखें उन्होंने बचाव के बारे में बताते हुए कहा कि धूप में खड़े वाहनों में बच्चों या पालतू जानवरों को न छोड़ें। खाना बनाते समय घर के खिड़की दरवाजे आदि खुले रखें जिससे हवा का आना जाना बना रहे। नशीले पदार्थों, शराब अथवा अल्कोहल से बचें। उच्च प्रोटीनयुक्त खाद्य पदार्थों का अधिक से अधिक सेवन करें तथा बासी भोजन कतई न इस्तेमाल करें इसके साथ ही संतुलित व हल्का आहार लें। दोपहर के समय यदि बहुत आवश्यक हो तभी घर से धूप में बाहर निकलें अन्यथा धूप में जाने से बचें और यदि जाना ही पड़े तो सिर को जरूर ढकें। घर में पेय पदार्थ जैसे लस्सी, छांछ, मट्ठा, बेल का शर्बत, नमक चीनी का घोल, नीबू पानी या आम का पना इत्यादि का प्रयोग करें। उन्होंने बताया कि अभी आगे गर्मी का प्रकोप और बढ़ेगा इसलिए गर्मी से बचाव के लिए विभिन्न उपायों को अपनाना चाहिए।

हीट वेव से बचाव के लिए सोनभद्र में हुई बैठक:जिला आपदा विशेषज्ञ ने बताया उपाय, बोले-लू से बचने के लिए घरों की खिड़कियों पर लगाएं रिफ्लेक्टर

सोनभद्र जनपद में लगातार पड़ रही गर्मी, गर्म हवा व लू के प्रकोप से बचाव के उपाय के लिऐ अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व महोदय सहदेव कुमार मिश्र की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार बैठक की गई। जिसमें सभी विभागों द्वारा हीट वेव से बचाव के लिए अपना पक्ष रखा गया। इस दौरान अपर जिलाधिकारी ने अपील करते हुए कहा है कि जन-सामान्य लू से बचाव को लेकर बताये उपायों को अमल में लायें और अपना बचाव करें। अपर जिलाधिकारी, वित्त एवं राजस्व सहदेव कुमार मिश्र ने बताया कि मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के अनुसार माह अप्रैल व जून के दिनों में अधिक तापमान रहने की संभावना है तथा हीट वेव चलने की संभावना है। ऐसे में ’हीटवेब (लू) से बचाव के लिए संबंधित विभाग को अपनी अपनी योजना तैयार कर पूरी तरह से तैयार रहने का निर्देश दिया गया है तथा उससे संबंधी एहतियातें बरती जायें तथा सुरक्षात्मक उपायों को अपनाया जाने की बात कही। जिला आपदा विशेषज्ञ पवन कुमार शुक्ला ने बचाव के तरीके बताते हुए कहा कि ’गर्मी के हवाओं से बचने के लिए खिड़की को रिफ्लेक्टर जैसे एलुमिनियम पन्नी, गत्ते इत्यादि से ढककर रखें, ताकि बाहर की गर्मी को अन्दर आने से रोका जा सके। उन खिड़कियों व दरवाजों पर, जिनसे दोपहर के समय गर्म हवाएं आतीं हैं, काले परदे लगाकर रखना चाहिए।

स्थानीय मौसम के पूर्वानुमान को रेडियो व अन्य संसाधनों के माध्यम से सुनें और आगामी तापमान में होने वाले परिवर्तन के प्रति सजग रहें। आपात स्थिति से निपटने के लिए प्राथमिक उपचार का प्रशिक्षण लें। बच्चों तथा पालतू जानवरों को कभी भी बन्द वाहन में अकेला न छोड़ें। जहां तक सम्भव हो घर में ही रहें तथा सूर्य के ताप से बचें। सूर्य के ताप से बचने के लिए जहां तक संभव हो घर की निचली मंजिल पर रहें। संतुलित, हल्का व नियमित भोजन करें। मादक पेय पदार्थों का सेवन न करें। घर से बाहर अपने शरीर व सिर को कपड़े या टोपी से ढककर रखें उन्होंने बचाव के बारे में बताते हुए कहा कि धूप में खड़े वाहनों में बच्चों या पालतू जानवरों को न छोड़ें। खाना बनाते समय घर के खिड़की दरवाजे आदि खुले रखें जिससे हवा का आना जाना बना रहे। नशीले पदार्थों, शराब अथवा अल्कोहल से बचें। उच्च प्रोटीनयुक्त खाद्य पदार्थों का अधिक से अधिक सेवन करें तथा बासी भोजन कतई न इस्तेमाल करें इसके साथ ही संतुलित व हल्का आहार लें। दोपहर के समय यदि बहुत आवश्यक हो तभी घर से धूप में बाहर निकलें अन्यथा धूप में जाने से बचें और यदि जाना ही पड़े तो सिर को जरूर ढकें। घर में पेय पदार्थ जैसे लस्सी, छांछ, मट्ठा, बेल का शर्बत, नमक चीनी का घोल, नीबू पानी या आम का पना इत्यादि का प्रयोग करें। उन्होंने बताया कि अभी आगे गर्मी का प्रकोप और बढ़ेगा इसलिए गर्मी से बचाव के लिए विभिन्न उपायों को अपनाना चाहिए।

Source:-https://www.bhaskar.com/